कुरुक्षेत्र, 22 जनवरी। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि ओलंपिक में पदक जीतने के लक्ष्य को लेकर प्रदेश के खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय खेल इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध कराया जा रहा है। राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं को निखारने के लिए खेल नर्सरियों के साथ-साथ आधुनिक खेल केंद्र विकसित कर रही है, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं और हरियाणा के खिलाड़ी देश के लिए सर्वाधिक पदक जीत रहे हैं।
मुख्यमंत्री वीरवार को कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के खेल प्रांगण में आयोजित कार्यक्रम में खिलाड़ियों से बातचीत कर रहे थे। इससे पहले मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और खेल राज्य मंत्री गौरव गौतम ने भारत सरकार की खेलो इंडिया योजना के तहत 5 करोड़ 50 लाख रुपये की लागत से निर्मित सिंथेटिक हॉकी खेल मैदान का उद्घाटन किया। इसके साथ ही 8 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले आल वेदर स्विमिंग पूल की आधारशिला भी रखी गई।
उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और खेल राज्य मंत्री गौरव गौतम ने स्वयं हॉकी स्टिक थामकर नए सिंथेटिक ट्रैक पर स्ट्रोक लगाते हुए मैदान का परीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस सिंथेटिक हॉकी मैदान से उभरते हुए खिलाड़ियों को अपने कौशल को निखारने के लिए विश्वस्तरीय सुविधाएं मिलेंगी। उन्होंने दोहराया कि हरियाणा सरकार खेलों को बढ़ावा देने और खेल बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय प्रशासन से बातचीत करते हुए कहा कि खेलो इंडिया योजना के माध्यम से राज्य के खिलाड़ी ओलंपिक और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में और अधिक पदक जीतकर देश और प्रदेश का नाम रोशन करेंगे। यह आयोजन न केवल खेल इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास का प्रतीक है, बल्कि हरियाणा को देश का खेल हब बनाए रखने के संकल्प को भी दर्शाता है।
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए बताया कि खेलो इंडिया योजना के तहत भारत सरकार के खेल मंत्रालय द्वारा 10 करोड़ रुपये का बजट उपलब्ध कराया गया है। इसमें से 5.50 करोड़ रुपये सिंथेटिक हॉकी मैदान पर खर्च किए गए हैं, जबकि 4.50 करोड़ रुपये की लागत से मल्टीपर्पज इंडोर खेल हॉल का निर्माण किया जाएगा।
इस अवसर पर उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा, पुलिस अधीक्षक नीतिश अग्रवाल, कुलसचिव प्रो. वीरेन्द्र पाल, खेल निदेशक प्रो. डी.एस. राणा सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।




