सोनीपत जिले के गोहाना सिटी थाना क्षेत्र में सामने आए कथित नकली वीटा देसी घी मामले ने पुलिस विभाग को कटघरे में ला खड़ा किया है। निष्पक्ष कार्रवाई न होने और भ्रष्टाचार से जुड़े आरोपों के बाद पुलिस प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए थाना प्रभारी (एसएचओ) अरुण कुमार और एएसआई संदीप को निलंबित कर दिया है। इससे पहले दोनों अधिकारियों को लाइन हाजिर किया जा चुका था।
प्राथमिक जांच में आरोपों की पुष्टि होने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने निलंबन के आदेश जारी किए और दोनों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी है।
नकली घी की अवैध सप्लाई से जुड़ा मामला
यह पूरा मामला वीटा ब्रांड के नकली देसी घी की अवैध सप्लाई से संबंधित है। शिकायत में आरोप लगाए गए थे कि पुलिस ने जानबूझकर लापरवाही बरती और मामले में निष्पक्षता नहीं दिखाई।
10 दिसंबर 2025 को हुई थी कार्रवाई
10 दिसंबर 2025 को गोहाना सिटी थाना पुलिस ने खंदराई मोड़ के पास से जींद के गुरुद्वारा कॉलोनी निवासी सुनील कुमार को गिरफ्तार किया था। वह अर्टिगा कार में जींद से गोहाना की ओर नकली देसी घी लेकर आ रहा था। कार्रवाई के दौरान वीटा मिल्क प्लांट, जींद के गुणवत्ता नियंत्रक, सहायक और प्रबंधक को मौके पर बुलाया गया था।
450 लीटर नकली देसी घी बरामद
वाहन की जांच के दौरान वीटा मार्का के करीब 450 लीटर देसी घी के पैकेट बरामद किए गए। प्रारंभिक परीक्षण में घी नकली पाया गया, जिससे मामला और गंभीर हो गया।
फैक्ट्री संचालक भी गिरफ्तार
जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने जींद के राजेंद्र नगर निवासी फैक्ट्री संचालक नंदकिशोर को भी गिरफ्तार किया। आरोप है कि उसकी फैक्ट्री में नकली देसी घी तैयार कर उसे बाजार में सप्लाई किया जा रहा था।
पुलिस अधिकारियों पर गंभीर आरोप
इस प्रकरण में उच्च अधिकारियों को शिकायत मिली थी कि एसएचओ अरुण कुमार और एएसआई संदीप ने निष्पक्ष कार्रवाई नहीं की और भ्रष्टाचार से जुड़े गंभीर आरोपों में संलिप्त रहे।
पहले लाइन हाजिर, अब निलंबन
शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पहले दोनों अधिकारियों को लाइन हाजिर किया गया। प्राथमिक जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद अब उन्हें निलंबित कर दिया गया है।
विभागीय जांच जारी
पुलिस विभाग ने दोनों अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। फिलहाल नकली देसी घी मामले और पुलिस की भूमिका को लेकर जांच जारी है।




