धर्मशाला, हिमाचल प्रदेश:
हिमाचल प्रदेश के एक सरकारी कॉलेज से जुड़ा छात्रा की मौत का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। 19 वर्षीय छात्रा की मौत से पहले सामने आए बयान और वीडियो ने रैगिंग, मारपीट और कथित यौन उत्पीड़न की आशंकाओं को और गहरा कर दिया है। मामले में पुलिस ने एक कॉलेज प्रोफेसर और तीन वरिष्ठ छात्राओं के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
परिजनों के अनुसार, छात्रा ने इलाज के दौरान बताया था कि कॉलेज में उसे लंबे समय से मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना झेलनी पड़ रही थी। आरोप है कि कुछ वरिष्ठ छात्राओं ने उसके साथ रैगिंग की, मारपीट की और उसे डराया-धमकाया। इसके साथ ही एक प्रोफेसर पर भी छात्रा के साथ अनुचित व्यवहार और मानसिक दबाव बनाने के आरोप लगाए गए हैं।
बताया जा रहा है कि छात्रा की तबीयत लगातार बिगड़ती चली गई। पहले उसे स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया, बाद में हालत गंभीर होने पर बाहर के एक बड़े मेडिकल संस्थान में रेफर किया गया। इलाज के दौरान ही उसकी मौत हो गई।
मौत के बाद सामने आए एक वीडियो में छात्रा कथित तौर पर अपने साथ हुई प्रताड़ना का जिक्र करती दिखाई देती है। इसी के आधार पर परिवार ने पुलिस से कार्रवाई की मांग की, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी आरोपों की निष्पक्ष जांच की जा रही है। मेडिकल रिपोर्ट, वीडियो रिकॉर्डिंग और गवाहों के बयान जुटाए जा रहे हैं। जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना के बाद कॉलेज प्रशासन और शिक्षा व्यवस्था की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों और छात्र संगठनों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।




