कुरुक्षेत्र, 16 दिसंबर।
जिले में संचालित नशा मुक्ति केंद्रों की गुणवत्ता और सुविधाओं को पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से अब उनकी स्टार रेटिंग की जाएगी। उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने यह जानकारी देते हुए बताया कि कुरुक्षेत्र में कार्यरत 13 नशा मुक्ति केंद्रों का निरीक्षण कर सुविधाओं के आधार पर रेटिंग तय की जाएगी। इसके लिए गठित समिति मौके पर जाकर जांच करेगी और पूरी निष्पक्षता के साथ रेटिंग सूची तैयार करेगी।
उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि जिन नशा मुक्ति केंद्रों को तीन स्टार से कम रेटिंग मिलेगी, उन पर पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की विशेष निगरानी रहेगी। तैयार की गई स्टार रेटिंग सूची को सरकार के एचडीएएमएस पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा, ताकि आम लोग भी केंद्रों की गुणवत्ता के बारे में जानकारी हासिल कर सकें।
मंगलवार को लघु सचिवालय स्थित उपायुक्त कार्यालय में नशा रोकथाम को लेकर गठित जिला स्तरीय समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए उपायुक्त ने अधिकारियों से जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों, नशा मुक्ति केंद्रों की व्यवस्थाओं और जनजागरूकता गतिविधियों को लेकर फीडबैक भी लिया।
उपायुक्त ने निर्देश दिए कि शैक्षणिक संस्थानों के आसपास दवा विक्रेताओं को सख्त हिदायत दी जाए कि वे युवाओं को बिना डॉक्टर की पर्ची के नशीली या नियंत्रित दवाइयां उपलब्ध न कराएं। इस दिशा में जिला ड्रग अधिकारी संबंधित विभागों के साथ मिलकर समय-समय पर निरीक्षण करेंगे और दवा विक्रेताओं को सरकारी दिशा-निर्देशों के प्रति जागरूक करेंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि कोई संस्था नया नशा मुक्ति केंद्र खोलना चाहती है तो वह सरकारी नियमों के तहत पंजीकरण करवा सकती है। जिले को नशा मुक्त बनाने के लिए नुक्कड़ नाटक, कार्यशालाएं, गांवों और शहरों में विशेष जागरूकता शिविर आयोजित किए जाएंगे, ताकि लोग नशे से दूर रहें और नशा मुक्ति केंद्रों की सुविधाओं की सही जानकारी प्राप्त कर सकें।
बैठक में डीएसपी सुनील कुमार, जिला समाज कल्याण अधिकारी सुरजीत कौर, डिप्टी सिविल सर्जन, जिला ड्रग अधिकारी, शिक्षक डॉ. तरेसम कौशिक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।




