इंसाइट न्यूज 24, कुरुक्षेत्र, 16 अगस्त — हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर कुरुक्षेत्र स्थित गुर्जर धर्मशाला में आयोजित समारोह में भाग लेते हुए प्रदेशवासियों को पर्व की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह पर्व हमारी संस्कृति और संस्कारों से जुड़ा है, जो समाज में एकता, समरसता और भाईचारे का संदेश देता है।
मुख्यमंत्री ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा, “यह वही पावन भूमि है जहां भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन को गीता का उपदेश दिया था। गीता का संदेश आज भी हमारे जीवन में उतना ही प्रासंगिक है जितना तब था—कर्म, धर्म और सत्य की विजय का मार्गदर्शन।”
समारोह में धर्मशाला के प्रधान ऋषिपाल कसाना, पूर्व मंत्री कंवरपाल गुर्जर और भाजपा नेता अशोक गुर्जर सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री का जोरदार स्वागत किया गया।
मुख्यमंत्री सैनी ने गुर्जर समाज की मांगों को स्वीकार करते हुए धर्मशाला के लिए 51 लाख रुपये की ग्रांट की घोषणा की। साथ ही उन्होंने कहा कि धर्मशाला तक सड़क सुविधा उपलब्ध कराने के लिए वे स्वयं केंद्रीय रेल मंत्री से मिलेंगे। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि समाज द्वारा रखी गई अन्य मांगों में से जो पूरी की जा सकती हैं, उन्हें हरियाणा सरकार पूरा करेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार विकास के साथ-साथ सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के लिए भी प्रतिबद्ध है। कुरुक्षेत्र में श्रीकृष्ण महोत्सव और अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती जैसे आयोजनों के माध्यम से गीता का संदेश देश-विदेश तक पहुंचाया जा रहा है।
उन्होंने यह भी बताया कि ‘दयालु योजना’ के तहत आज ही 2222 परिवारों के खातों में 78.5 करोड़ रुपये की सहायता राशि भेजी गई है, ताकि अपने परिजनों को खो चुके परिवारों को कुछ राहत मिल सके।
गायों के संरक्षण को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले जहां गोशालाओं के लिए महज दो करोड़ रुपये का बजट था, वहीं अब एक ही दिन में 80 करोड़ रुपये की राशि चारे के लिए दी जा रही है। उन्होंने गो संरक्षण अधिनियम को सरकार की संवेदनशीलता का प्रतीक बताया।
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को उनकी पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनकी शालीनता और जनहित की राजनीति आज भी प्रेरणास्रोत है।




