कुरुक्षेत्र, 18 दिसंबर।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि समाधान शिविरों में प्राप्त होने वाली शिकायतों में से विशेष रूप से अधिक समय से लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निपटान किया जाए। उन्होंने कहा कि समाधान शिविरों में आने वाली शिकायतों की निगरानी स्वयं मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी कर रहे हैं और प्रदेश स्तर पर गठित टीम प्रत्येक शुक्रवार को सभी जिलों की समीक्षा भी करती है।
उपायुक्त वीरवार को लघु सचिवालय के सभागार में आयोजित समाधान शिविर में नागरिकों की समस्याएं सुन रहे थे। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त विवेक आर्य और नगराधीश आशीष कुमार भी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान उपायुक्त ने अधिकारियों को शिकायतों के त्वरित एवं प्रभावी समाधान के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने नागरिकों से अपील की कि वे उपमंडल शाहाबाद, लाडवा और पिहोवा में आयोजित होने वाले समाधान शिविरों में अपनी शिकायतें दर्ज कराएं और इस सुविधा का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार प्रत्येक सोमवार और वीरवार को जिला एवं उपमंडल स्तर पर सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक समाधान शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, जिनमें नागरिकों की समस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जा रहा है।
उपायुक्त ने कहा कि शिकायतों के समाधान के बाद भी निगरानी समिति द्वारा शिकायतकर्ताओं से फीडबैक लिया जाता है। यदि शिकायतकर्ता समाधान से संतुष्ट नहीं होता तो शिकायत को दोबारा खोला जाता है। उन्होंने अधिकारियों को चेताया कि शिकायतों के निपटान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषी विभाग या अधिकारी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।




