इंसाइट न्यूज 24, कुरुक्षेत्र, 4 अक्टूबर : कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के युवा एवं सांस्कृतिक कार्य विभाग द्वारा आयोजित तीन दिवसीय साहित्यिक एवं ललित कला कार्यशाला का शुभारंभ शनिवार को हुआ। इस आयोजन में प्रदेशभर के 37 कॉलेजों और संस्थानों से 417 प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं।
कार्यशाला का उद्घाटन करते हुए कुलपति प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने कहा, “ऐसी कार्यशालाएँ युवा पीढ़ी में साहित्य और कला के प्रति प्रेम को जागृत करती हैं, रचनात्मक सोच को प्रोत्साहित करती हैं और हमारी सांस्कृतिक परंपरा को सशक्त बनाती हैं।” उन्होंने युवाओं को जुनून के साथ कार्य करने की प्रेरणा दी और स्वदेशी को आत्मसम्मान व राष्ट्रगौरव की भावना बताया।

प्रमुख गतिविधियाँ
कार्यशाला में वाद-विवाद, भाषण, क्विज, पेंटिंग, पोस्टर मेकिंग, रंगोली, मूर्तिकला और कार्टूनिंग जैसी रचनात्मक प्रतियोगिताएँ आयोजित की जा रही हैं। साहित्यिक सत्र सीनेट हॉल में और ललित कला सत्र फाइन आर्ट्स विभाग में हो रहे हैं।
विशेषज्ञों की उपस्थिति
साहित्यिक क्षेत्र से डॉ. बिजेंद्र दहिया, प्रो. एम.आर. पात्रा, डॉ. जगबीर राठी, डॉ. एस.बी. माथुर, प्रो. के.पी.एस. शांत और लेखक श्री बृज शर्मा ने प्रतिभागियों को मार्गदर्शन दिया। वहीं ललित कला क्षेत्र में राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता डॉ. विजय एम. धोर सहित कई प्रतिष्ठित कलाकारों ने शिरकत की।
आयोजन की झलक
कार्यशाला में 130 छात्राएँ और 42 छात्र ललित कला में, जबकि 201 छात्राएँ और 44 छात्र साहित्यिक गतिविधियों में भाग ले रहे हैं। मंच संचालन डॉ. हरविन्द्र राणा ने किया और उप-निदेशक डॉ. सलोनी पवन दिवान ने अतिथियों का स्वागत किया।




