दिल्ली में 10 नवंबर को लाल किले के पास I-20 कार में हुए ब्लास्ट में शामिल संदिग्ध और फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी के असिस्टेंट प्रोफेसर उमर नबी का नूंह से जुड़ा CCTV फुटेज सामने आया है। धमाके से करीब 18 घंटे पहले वह नूंह में ATM से कैश निकालने की कोशिश करता दिखा। शाम 6:52 बजे दिल्ली में हुए ब्लास्ट में 13 लोगों की मौत हो गई थी।
कैश न मिलने पर गार्ड को पैसे का लालच दिया
सूत्रों के अनुसार, रात 1:02 बजे उमर नबी आई-20 कार से नूंह के फिरोजपुर झिरका के बीवा रोड स्थित HDFC बैंक ATM के बाहर पहुंचा। उसने कार से उतरकर मास्क लगाया और ATM में कैश निकालने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हुआ। इसके बाद बाहर मौजूद गार्ड मोहर सिंह को 5 हजार रुपए देने का लालच देकर अन्य ATM पर ले गया। गार्ड के माध्यम से उसे आखिरकार एक ATM से कैश मिल गया।
20 मिनट बाद गार्ड को वापस छोड़ा
करीब 1:25 बजे उमर कार से गार्ड को वापस उसी ATM के बाहर छोड़ गया, जहां वह पहले पहुंचा था। इसके बाद वह कार लेकर आगे बढ़ गया।
1:33 बजे एक्सप्रेसवे पर दिल्ली की ओर जाती दिखी कार
घटना के करीब 8 मिनट बाद, रात 1:33 बजे उमर की कार दिल्ली-मुंबई-वडोदरा एक्सप्रेसवे के टोल प्लाज़ा कैमरे में दिल्ली की तरफ जाती दिखी। पुलिस के अनुसार, कैश लेकर उमर दिल्ली पहुंचा और शाम को ब्लास्ट को अंजाम दिया।
नूंह में 10 दिन किराए पर लिया था कमरा
जांच में पता चला है कि उमर नबी ने नूंह के दिल्ली-अलवर रोड स्थित हिदायत कॉलोनी में 10 दिनों के लिए किराए पर कमरा लिया था। यह घर अल-फलाह यूनिवर्सिटी के इलेक्ट्रिशियन शोएब की साली का है। शोएब पहले से पुलिस हिरासत में है और उसी ने उमर के लिए यह कमरा दिलाया था। घर की मालकिन घटना के बाद से फरार है और पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
पुलिस उमर नबी की नूंह से दिल्ली तक की मूवमेंट और सभी संपर्कों की जांच में जुटी है।




