कुरुक्षेत्र। हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले के सोढ़ी गांव के पूर्व सरपंच मंदीप सिंह के खिलाफ पंचायती फंड के कथित गबन के मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। आरोप है कि सरपंच कार्यकाल के दौरान करीब 10.34 लाख रुपए से अधिक की रकम का गबन किया गया। रिकवरी न होने पर प्रशासन ने अब कानूनी कार्रवाई शुरू की है।
जानकारी के अनुसार, यह मामला फिलहाल हरियाणा लोकायुक्त के समक्ष विचाराधीन है, जहां अगली सुनवाई 26 नवंबर को निर्धारित की गई है। प्रशासन ने पूर्व सरपंच से वसूली के लिए कई प्रयास किए, लेकिन रेवेन्यू रिकॉर्ड में उनके नाम पर कोई संपत्ति नहीं पाई गई। यहां तक कि वर्ष 2016 के चुनाव के समय दिए गए एफिडेविट के आधार पर भी जांच की गई, मगर कोई ठोस संपत्ति विवरण नहीं मिला।
विकास कार्यों में गड़बड़ी का आरोप
पूर्व सरपंच के 2016 से 2021 तक के कार्यकाल के दौरान गांव में हुए विकास कार्यों में अनियमितताएं सामने आईं। गांव में लगाए गए ब्लॉक, नालियों और जोहड़ में पाइपलाइन दबाने जैसे कार्यों में वित्तीय गड़बड़ी की शिकायत ग्रामीणों ने दी थी।
जांच समिति की रिपोर्ट में खुलासा
ब्लॉक विकास एवं पंचायत अधिकारी (BDPO) ने समाज शिक्षा एवं पंचायत अधिकारी, जेई और ग्राम सचिव की एक समिति गठित की थी। समिति की रिपोर्ट में पुष्टि हुई कि कुल 10.34 लाख रुपए से अधिक की रकम में गबन पाया गया। रिपोर्ट के आधार पर हरियाणा पंचायती राज अधिनियम, 1994 की धारा 53(1) के तहत पूर्व सरपंच से रिकवरी के आदेश जारी किए गए।
रिकवरी न होने पर FIR दर्ज
BDPO पिपली राज सिंह के अनुसार, पूर्व सरपंच मंदीप सिंह से वसूली के सभी रास्ते अपनाए गए, लेकिन संपत्ति का कोई रिकॉर्ड न मिलने के कारण वसूली संभव नहीं हो पाई। ब्लॉक कार्यालय थानेसर की रिपोर्ट में बताया गया कि पुराना रिकॉर्ड जर्जर इमारत में रखा था, जो बारिश से नष्ट हो गया।
पूर्व सरपंच विदेश में
थाना सदर पिपली के एसएचओ सतीश कुमार ने बताया कि शिकायत के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। जांच में यह भी पता चला है कि पूर्व सरपंच फिलहाल विदेश में हैं। प्रशासन अब उन्हें नोटिस भेजने की प्रक्रिया में जुटा है। वहीं, पूर्व सरपंच का पक्ष जानने की कोशिश की गई, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका।




