एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के हालिया बयान को लेकर राजनीतिक हलकों में तीखी बहस छिड़ गई है। ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर टिप्पणी करते हुए अंतरराष्ट्रीय घटनाओं का हवाला दिया था, जिसके बाद एनडीए नेताओं ने उनके बयान पर कड़ा ऐतराज जताया।
एनडीए नेताओं का कहना है कि भारत एक जिम्मेदार और सशक्त लोकतांत्रिक देश है, जो अंतरराष्ट्रीय कानून और कूटनीतिक मर्यादाओं के तहत अपने फैसले करता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख अपनाता है, लेकिन किसी भी देश की संप्रभुता का उल्लंघन नहीं करता।
शिवसेना की वरिष्ठ नेता शायना एनसी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने आर्थिक, सैन्य और कूटनीतिक मोर्चों पर बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं। देश की वैश्विक पहचान मजबूत हुई है और आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कदम उठाए गए हैं।
वहीं, भाजपा नेताओं ने ओवैसी पर निशाना साधते हुए कहा कि इस तरह के बयान केवल राजनीतिक सुर्खियां बटोरने के लिए दिए जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ओवैसी संवेदनशील राष्ट्रीय मुद्दों पर गैर-जिम्मेदाराना बयान देकर भ्रम फैलाने की कोशिश करते हैं।
एनडीए सांसद गुलाम अली खटाना ने कहा कि भारत की नीति स्पष्ट है—आतंकवादियों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है, न कि पूरे देशों के खिलाफ। भारत शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व और वैश्विक सहयोग में विश्वास रखता है।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर राष्ट्रीय सुरक्षा, विदेश नीति और राजनीतिक बयानबाज़ी को लेकर चल रही बहस को तेज कर दिया है।




